मलयालम फिल्म ‘वीरम’ से प्रथम ब्रिक्स फिल्म महोत्सव का होगा शुभारंभ, सिरीफोर्ट ऑडिटोरियम में 2 से 6 सितंबर, 2016 तक आयोजित होगा
नई दिल्ली/ सूचना एवं प्रसारण मंत्री श्री एम. वेंकैया नायडू ने कहा है कि ब्रिक्स फिल्म महोत्सव के आयोजन का विचार सबसे पहले पिछले ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में उभर कर सामने आया था, जिसमें माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने ब्रिक्स फिल्म महोत्सव और फिल्म पुरस्कारों का प्रस्ताव किया था। जल्द ही आयोजित किया जाने वाला यह फिल्म महोत्सव सदस्य देशों के फिल्म उद्योग से जुड़े लोगों के लिए एक ऐसा मंच होगा, जिसमें ‘सिनेमा, संस्कृति और व्यंजनों’ के क्षेत्र में सहयोग की संभावनाएं तलाशी जा सकेंगी। इस महोत्सव के दौरान फिल्म निर्माताओं, अभिनेताओं और निर्देशकों को पुरस्कृत कर सिनेमा की उत्कृष्टता का जश्न मनाया जाएगा। मंत्री महोदय ने आज यहां नेशनल मीडिया सेंटर में ब्रिक्स फिल्म महोत्सव के पूर्वालोकन के संबंध में आयोजित संवाददाता सम्मेलन के दौरान मीडिया को संबोधित करते हुए ये बातें कहीं। इस अवसर पर सूचना एवं प्रसारण राज्य मंत्री कर्नल राज्यवर्धन राठौर भी उपस्थित थे। श्री नायडू ने इस बात का उल्लेख किया कि भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता, जिसका शुभारंभ गोवा में 15-16 अक्टूबर को होगा, के तहत शिखर सम्मेलन की थीम को ध्यान में रखते हुए पांच आयामी दृष्टिकोण अपनाया गया है। यह थीम ‘उत्तरदायी, समावेशी और सामूहिक समाधान का निर्माण’ है। पांच आयामी दृष्टिकोण में निम्नलिखित शामिल हैं –
ब्रिक्स संबंधी सहयोग को और गहरा करने, टिकाऊ बनाने एवं संस्थागत रूप देने के लिए संस्थान का निर्माण करना।
पिछले शिखर सम्मेलनों में लिए गए निर्णयों पर अमल।
वर्तमान सहयोग व्यवस्थाओं को एकीकृत करना।
नवाचार अर्थात नवीन सहयोगात्मक व्यवस्थाएं।
निरंतरता अर्थात आपसी सहमति वाली मौजूदा ब्रिक्स सहयोगात्मक व्यवस्थाओं को जारी रखना।
इस बारे में विस्तृत जानकारी देते हुए श्री नायडू ने कहा कि ब्रिक्स फिल्म महोत्सव एक बॉयोस्कोप होगा, जिसमें सहभागिता करने वाले देशों की विशिष्ट संस्कृतियों, व्यंजनों और कलाओं को दर्शाया जाएगा। ब्रिक्स देशों के बीच सहभागिता बढ़ाने एवं सदभाव पैदा करने के उद्देश्य से यह महोत्सव आयोजित किया जा रहा है, जो सदस्य देशों के लोगों विशेषकर युवाओं के बीच और ज्यादा संपर्क सुनिश्चित करेगा। इस संदर्भ में मंत्री महोदय ने कहा कि भारत ने इस महोत्सव के दौरान अनेक आयोजनों की योजना बनाई है, जिनमें 17 साल से कम आयु के खिलाडि़यों के लिए फुटबॉल टूर्नामेंट, युवा शिखर सम्मेलन, युवा राजनयिकों का फोरम और कुछ ब्रिक्स देशों के विद्यार्थियों द्वारा बनाई गई फिल्मों की विशेष स्क्रीनिंग शामिल हैं। श्री नायडू ने ब्रिक्स फिल्म महोत्सव के लिए एक पोस्टर का भी अनावरण किया।
ब्रिक्स फिल्म महोत्सव नई दिल्ली के सिरीफोर्ट ऑडिटोरियम में 2 सितंबर, 2016 से 6 सितंबर, 2016 तक आयोजित होगा। पांच दिन तक चलने वाले इस महोत्सव में प्रतिस्पर्धा वर्ग में 20 फिल्में दिखाई जाएंगी। सभी देशों से चार फिल्में होंगी। ब्रिक्स के सदस्य देशों ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका की सांस्कृतिक मेल, फिल्म, गीत एवं नृत्य और खान-पान की झलक इन फिल्मों में देखी जा सकेगी। सभी ब्रिक्स राष्ट्रों का मुख्य व्यंजन फूड कोर्ट में उपलब्ध रहेगा। इसका प्रबंधन महोत्सव स्थल पर विशेष रूप से किया गया है। सिरीफोर्ट ऑडिटोरियम परिसर में शिल्प मेले का आयोजन भी किया जा रहा है, जिसमें सभी सदस्य देश अपने-अपने यहां के विशिष्ट सामान बेचने के लिए स्टॉल लगाएंगे।
फिल्मों से अलग चेंगदू परफॉर्मिंग आर्ट थिएटर (चीन), थिएटर लेनिनग्राड सेंटर ड्रीम्स ऑफ रशिया और एमबीजेड म्यूजिक प्रोडक्शन (दक्षिण अफ्रीका) के कलाकार भी महोत्सव के दौरान मंच कला का प्रदर्शन करेंगे।
ब्रिक्स फिल्म महोत्सव नई दिल्ली के सिरीफोर्ट ऑडिटोरियम में 2 सितंबर, 2016 से 6 सितंबर, 2016 तक आयोजित होगा। पांच दिन तक चलने वाले इस महोत्सव में प्रतिस्पर्धा वर्ग में 20 फिल्में दिखाई जाएंगी। सभी देशों से चार फिल्में होंगी। ब्रिक्स के सदस्य देशों ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका की सांस्कृतिक मेल, फिल्म, गीत एवं नृत्य और खान-पान की झलक इन फिल्मों में देखी जा सकेगी। सभी ब्रिक्स राष्ट्रों का मुख्य व्यंजन फूड कोर्ट में उपलब्ध रहेगा। इसका प्रबंधन महोत्सव स्थल पर विशेष रूप से किया गया है। सिरीफोर्ट ऑडिटोरियम परिसर में शिल्प मेले का आयोजन भी किया जा रहा है, जिसमें सभी सदस्य देश अपने-अपने यहां के विशिष्ट सामान बेचने के लिए स्टॉल लगाएंगे।
फिल्मों से अलग चेंगदू परफॉर्मिंग आर्ट थिएटर (चीन), थिएटर लेनिनग्राड सेंटर ड्रीम्स ऑफ रशिया और एमबीजेड म्यूजिक प्रोडक्शन (दक्षिण अफ्रीका) के कलाकार भी महोत्सव के दौरान मंच कला का प्रदर्शन करेंगे। (PIB)

